Monthly Archives: March 2006

इंतजार

कब से इंतजार कर रहा हूँ मैं कि तुम उतरो मेरे आँगन में और मेरे हाथों में हाथ डालकर मेरे साथ नाचो, गाओ, झूमो देखो, मैं कितना खुश हूँ पर खुशी को अकेले तो भोगा नहीं जा सकता तुम भी … Continue reading

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बढ़ जाओ आगे तुम

बढ़ जाओ आगे तुम मैंने राह छोड़ दी है तुम्हारे लिए नहीं, हारा नहीं हूँ मैं पर मैं तुमसे लड़ा ही कब था मैंने लड़ना-भिड़ना छोड़ दिया है तुम इसे कायरता या पलायन मानते हो तो मानते रहो पर यह … Continue reading

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